रायगढ़। रायगढ़ जिले के तमनार थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम लिबरा स्थित सीएचपी चौक में शनिवार को हालात अचानक बेकाबू हो गए। जनसुनवाई के विरोध में धरने पर बैठे ग्रामीणों की भीड़ उग्र हो गई और पुलिस बल पर जमकर पथराव व लाठी-डंडों से हमला कर दिया। इस हिंसक घटना में एसडीओपी, थाना प्रभारी सहित कई पुलिसकर्मी गंभीर रूप से घायल हो गए। उपद्रवी भीड़ ने सरकारी वाहनों में आगजनी की और जिंदल के कोल हैंडलिंग प्लांट (सीएचपी) में घुसकर भारी तोड़फोड़ की, जिससे इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
पुलिस द्वारा जारी आधिकारिक बयान के अनुसार, 8 दिसंबर 2025 को भौराभाठा में आयोजित जनसुनवाई के विरोध में सेक्टर-1 कोल ब्लॉक से प्रभावित 14 ग्रामों के ग्रामीण 12 दिसंबर 2025 से धरने पर बैठे हुए हैं। 27 दिसंबर की सुबह करीब 9 बजे धरना स्थल पर लगभग 300 लोग मौजूद थे, जिनमें से कुछ लोगों द्वारा सड़क पर बैठकर सामान्य आवागमन को बाधित किया जा रहा था।
स्थिति को नियंत्रित करने के लिए सुबह करीब 10 बजे अनुविभागीय अधिकारी राजस्व, अनुविभागीय अधिकारी पुलिस और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने समझाइश देकर सड़क पर बैठे लोगों को हटाकर उन्हें धरना स्थल पर लगाए गए टेंट में वापस भेज दिया। इसके बावजूद दिनभर भीड़ समय-समय पर उग्र होती रही और बार-बार सड़क जाम करने का प्रयास करती रही। एसडीएम घरघोड़ा एवं पुलिस अधिकारियों द्वारा लाउडस्पीकर के माध्यम से लगातार लोगों से शांति बनाए रखने और शांतिपूर्वक धरना देने की अपील की जाती रही। इसी दौरान आसपास के गांवों से और लोग मौके पर पहुंचते गए, जिससे भीड़ की संख्या बढ़कर लगभग एक हजार के आसपास हो गई।
दोपहर करीब ढाई बजे अचानक स्थिति पूरी तरह बेकाबू हो गई। उग्र भीड़ ने बैरियर तोड़ते हुए पुलिस बल पर पत्थरबाजी और लाठी-डंडों से हमला कर दिया। इस हमले में एसडीओपी अनिल विश्वकर्मा, थाना प्रभारी तमनार कमला पुसाम और एक आरक्षक को गंभीर चोटें आईं। इसके अलावा कई पुलिस जवान और महिला आरक्षक भी घायल हुए हैं, जिन्हें तत्काल प्राथमिक उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया।
हिंसा यहीं नहीं रुकी। अनियंत्रित भीड़ ने मौके पर मौजूद पुलिस बस, जीप और एंबुलेंस को आग के हवाले कर दिया। कई अन्य शासकीय वाहन भी तोड़फोड़ और आगजनी में क्षतिग्रस्त हो गए। इसके बाद उपद्रवी भीड़ जिंदल के कोल हैंडलिंग प्लांट (सीएचपी) की ओर बढ़ी और प्लांट के अंदर घुसकर जमकर उत्पात मचाया।
भीड़ ने सीएचपी प्लांट के कन्वेयर बेल्ट को आग लगा दी, साथ ही दो ट्रैक्टर और अन्य वाहनों को भी जला दिया। प्लांट के कार्यालय में घुसकर तोड़फोड़ की गई, जिससे भारी नुकसान हुआ है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए विधायक लैलूंगा विद्यावती सिदार, कलेक्टर रायगढ़ और पुलिस अधीक्षक रायगढ़ भी मौके पर पहुंचे, लेकिन उनके पहुंचने के बावजूद भीड़ और अधिक उग्र हो गई और पथराव शुरू कर दिया।
इसके बाद भीड़ दोबारा सीएचपी प्लांट की ओर गई और वहां फिर से आगजनी की घटनाओं को अंजाम दिया। घटना के बाद पूरे क्षेत्र में तनाव का माहौल है और पुलिस द्वारा अतिरिक्त बल तैनात कर स्थिति को नियंत्रण में लाने की कोशिश की जा रही है। मामले में उपद्रवियों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की तैयारी की जा रही है।
