बॉलीवुड एक्टर सैफ अली खान पर पिछले साल 15-16 जनवरी की रात को मुंबई स्थित घर में एक घुसपैठिए ने उन पर हमला किया था। इस घटना के बाद आरोपी मोहम्मद शरीफुल को अरेस्ट किया गया, जिसने देर रात एक्टर के घर में घुसकर उन पर चाकू से हमला किया था। ऐसे में शुक्रवार को इस मामले में ट्रायल शुरू हुआ। 59 वर्षीय नर्स, जो पिछले 5 सालों से सैफ और करीना कपूर के छोटे बेटे ‘जेह’ की देखभाल कर रही हैं, उन्होंने कोर्ट में 31 वर्षीय मोहम्मद शरीफुल की पहचान उस घुसपैठिए के रूप में की, जो चोरी की कोशिश के दौरान बांद्रा स्थित उनके घर में घुस आया था।
नर्स का दावा घुसपैठिए ने मांगे 1 करोड़ रुपये
नर्स ने उस रात की घटना के बारे में बताया कि कैसे घुसपैठिए ने 1 करोड़ रुपये की मांग की थी। ‘द इंडियन एक्सप्रेस’ के अनुसार, वह इस मामले में शिकायतकर्ता और पहली गवाह हैं। उन्होंने बताया कि रात करीब 2 बजे किसी आवाज से उनकी नींद खुली। उन्होंने देखा कि बाथरूम की लाइट जल रही थी और उन्हें लगा कि शायद करीना कपूर खान वहां हैं। लेकिन, जब वह दोबारा जागीं, तो उन्होंने एक आदमी की परछाई देखी जो सैफ और करीना के छोटे बेटे ‘जेह’ के बिस्तर की ओर बढ़ रहा था।
उस आदमी ने आरी की ब्लेड से उस पर हमला कर दिया
नर्स ने आगे बताया, ‘जब वह जेह के बिस्तर की ओर दौड़ी और उसे उठाने की कोशिश की, तो उस आदमी ने हैकसॉ ब्लेड (आरी की ब्लेड) से उस पर हमला कर दिया और उनसे चुप रहने को कहा। कोर्ट की कार्यवाही के दौरान, उसने बताया कि घुसपैठिए ने 1 करोड़ रुपये की मांग की थी। शोर सुनकर जेह की नैनी भी जाग गईं, बाहर आईं और शोर मचाना शुरू कर दिया। हंगामा सुनकर सैफ और करीना अपने कमरों से बाहर भागे आए। सैफ ने घुसपैठिए से पूछा कि वह कौन है और क्या चाहता है।’
सैफ पर किया हमला
नर्स ने बताया, ‘इसके बाद उस आदमी ने सैफ पर हमला कर दिया। उसने एक अन्य स्टाफ सदस्य पर भी हमला किया। नर्स ने बताया कि सैफ ने उसे काबू में कर लिया, जबकि वे लोग दूसरे कमरे में भाग गए और खुद को अंदर बंद कर लिया। जब तक बाकी स्टाफ सदस्य वहां पहुंचे, तब तक घुसपैठिया भाग चुका था। सैफ को गंभीर चोटें आईं और उन्हें तुरंत अस्पताल ले जाया गया।’
‘मुझे लगा कि मैं मर जाऊंगा’
‘मोजो स्टोरी’ के साथ एक पुराने इंटरव्यू में, सैफ ने इस हमले के बारे में खुलकर बात की थी। उन्होंने बताया कि चाकू लगने के बाद उन्हें लगा कि शायद वे बच नहीं पाएंगे। उन्होंने यह भी बताया कि उस वक्त वे अपने बेटे तैमूर के साथ रहना चाहते थे और इस घटना का उन पर क्या असर पड़ा। उन्होंने कहा, ‘मैंने सफेद कुर्ता-पायजामा पहना था जो खून से लथपथ हो गया था। एक समय ऐसा आया जब मैं फर्श पर पड़ा था और मुझे लगा कि मैं मर जाऊंगा। उस पल, मैं सच में तैमूर के साथ रहना चाहता था।’
तैमूर ने पूछा-‘क्या आप मरने वाले हैं?’
सैफ ने आगे बताया, ‘मैंने तैमूर से पूछा कि क्या वह मेरे साथ अस्पताल चलेगा, तो उसने मुझसे पूछा, ‘क्या आप मरने वाले हैं?’ मैंने उसे ‘नहीं’ कहा और हम दोनों साथ अस्पताल गए। मैं उस आदमी को माफ भी करना चाहता था क्योंकि मुझे लगता है कि उससे बहुत बड़ी गलती हो गई, और शायद उसका इरादा लड़ाई करने का नहीं था। मैं उसे खुशी-खुशी माफ कर देता, लेकिन उसने मुझे जान से मारने की जो कोशिश की, उसे भूल पाना मेरे लिए मुश्किल है। यह अमीर और गरीब के बीच के फर्क का मामला है; इसी असमानता की वजह से यह सब हुआ है।’ इस घटना ने पूरी इंडस्ट्री को हिलाकर रख दिया था।
